एसएसपी दून की सटीक रणनीति से फर्जी आईपीएस ऑफिसर चढ़ा दून पुलिस के हत्थे
देहरादून ।
थाना राजपुर
खुद को वरिष्ठ अधिकारी बताकर अभियुक्त द्वारा कई लोगो के साथ कि थी जालसाजी
लोगो को अपने प्रभाव में लेने के लिए खुद को कभी फर्जी आईपीएस अधिकारी, वरिष्ठ सैनिक अधिकारी, रॉ एजेंट, सीआरपीएफ अधिकारी व अन्य एजेंसियों का वरिष्ठ अधिकारी बताता था अभियुक्त
गिरफ्तार अभियुक्त रिटायर्ड वरिष्ठ अधिकारी का है पुत्र, खुद आईपीएस अधिकारी बनने का था सपना
अधिकारी बनने का सपना टूटने पर फर्जी आईपीएस अधिकारी बन अपनी फर्जी आईडी व विजिटिंग कार्ड बनाए थे अभियुक्त ने
गिरफ्तार अभियुक्त से कई एजेंसियों का फर्जी विजिटिंग कार्ड, आईडी व यूनिफॉर्म की गई बरामद
विवरण
1-दिनांक 08/07/2026 को वादी श्री अंशुल उपाध्याय निवासी डाकरा बाजार, थाना कैंट, देहरादून द्वारा थाना राजपुर पर तहरीर दी कि यशोवर्धन नाम के व्यक्ति द्वारा अपने आप को वरिष्ठ अधिकारी बताकर उन्हें होटल जिंजर निकट साईं मंदिर देहरादून में मिलने के लिए बुलाया तथा उनकी दिवंगत माता की स्मृति में उनके नाम पर एक कंपनी का पंजीकरण जल्द करने के एवज में उनसे 15 लाख रुपए की धोखाधड़ी की गई। प्राप्त तहरीर पर थाना राजपुर पर धारा 318 (4 )BNS में अभियोग पंजीकृत किया गया। तत्पश्चात विवेचना में प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर अभियोग में धारा 336(3)/338/340(2) की बढ़ोतरी की गई।

2- दिनांक 15/07/26 को वादिनी डॉ० अनुषा निवासी सोशल स्टेज हॉस्टल कैनाल रोड देहरादून द्वारा थाना राजपुर पर तहरीर दी गई की यशोवर्धन नाम के व्यक्ति द्वारा खुद को आईपीएस अधिकारी बताते हुए उन्हें अपने फर्जी विजिटिंग कार्ड व आईडी दिखाई गई तथा प्रभाव में लेकर वादिनी को रक्षा मंत्रालय में डाटा साइंस कंसलटेंट के पद पर नौकरी दिलाने के एवज में धोखाधड़ी कर 4,60,000 रुपए हड़प लिए। प्राप्त तहरीर पर थाना राजपुर पर धारा 318(4)/336(3)/338/340(2) BNS में अभियोग पंजीकृत किया गया।
अभियुक्त द्वारा स्वयं को फर्जी अधिकारी बताकर लोगो के साथ कि जा रही धोखाधड़ी की घटना की गंभीरता के दृष्टिगत एसएसपी देहरादून द्वारा अभियुक्त की गिरफ्तारी हेतु दिए गए निर्देशों पर तत्काल थाना राजपुर पर पुलिस टीम का गठन किया गया। गठित टीम द्वारा उक्त दोनों अभियोगों में त्वरित साक्ष्य संकलन की कार्यवाही करते हुए दोनो घटनास्थलों का निरीक्षण कर उसके आसपास तथा आने जाने वाले मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरो की फुटेज का अवलोकन कर आवश्यक जानकारियां एकत्रित की गई तथा प्राप्त जानकारी व साक्ष्यों के आधार पर आज दिनांक 16/07/26 को पुलिस टीम द्वारा धोखाधड़ी की घटना में शामिल अभियुक्त यशोवर्धन को दौराने चेकिंग CSI तिराहा मसूरी रोड से गिरफ्तार किया गया।
*पूछताछ का विवरण :-*
पूछताछ में अभियुक्त द्वारा बताया गया कि उसके पिता वरिष्ठ सेवानिवृत्त अधिकारी है तथा बचपन से उसका सपना अधिकारी बनने का था। बचपन से अपने पिता के साथ रहने के दौरान उसने वरिष्ठ अधिकारियों को मिलने वाली पावर व सुविधा देखी थी। उसके मन में बचपन से ही वरिष्ठ अधिकारी बनने का सपना था। उसने कई सालों तक यूपीएससी परीक्षा की तैयारी की किंतु उक्त परीक्षा में वह सफल नहीं हो पाया। असफलता हाथ लगने पर उसने खुद को फर्जी आईपीएस व अन्य एजेंनसीयों का वरिष्ठ अधिकारी बताकर लोगों पर अपना रौब झाड़ने लगा।
आमजन व भोले भाले लोगों को वह अपने पद का प्रभाव डालकर उनको नौकरी दिलवाने अथवा उनके टेंडर व अन्य काम जल्दी करवाने के नाम पर लाखों रुपए की जालसाजी व धोखाधड़ी करने लगा। उसके बात करने का तरीका तथा उसकी यूनिफॉर्म व फर्जी आई कार्ड देखकर लोग उस पर आसानी से भरोसा कर लेते थे। इसी का फायदा उठाकर वह सालों से कई लोगों के साथ धोखाधड़ी कर चुका है।
*नाम पता गिरफ्तार अभियुक्त :-*
आर० यशोवर्धन पुत्र एस० रामास्वामी निवासी मकान नंबर पांच ऑफीसर्स रेजिडेंशियल कॉलोनी, आईएचएम कैंपस, गढी कैंट, थाना कैंट, देहरादून, उम्र- 35 वर्ष।
*बरामदगी :-*
1- फर्जी आई कार्ड-05
2- फर्जी विजिटिंग कार्ड -08
3- पुलिस/ आर्मी के लोगो-25
4- आर्मी /पैरामिलिट्री की वर्दी- 03 जोड़ी
5- फर्जी रिबन-03
6- वायरलेस सेट-01
7- लैपटॉप – 01
*पुलिस टीम :-*
1- श्री नितिन लोहानी, क्षेत्राधिकारी डालनवाला
2- उ०नि० पी०डी० भट्ट, थानाध्यक्ष राजपुर
2- उ०नि० अनित कुमार
3- का० अमित
4- का० मोहित
5- हे०का० किरण कुमार एसओजी (तकनीकी सहायक)
