पीसीआर और बायोइन्फॉर्मेटिक्स के माध्यम से सूक्ष्मजीवों की पहचान विषय पर दिवसीय कार्यशाला का हुआ सफल समापन
देहरादून। कम्बाइंड इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस एंड रिसर्च कुंआवाला देहरादून में उत्तराखंड विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान केन्द्र (यूसर्क) के सहयोग से पीसीआर और बायोइन्फॉर्मेटिक्स के माध्यम से सूक्ष्मजीवों की पहचान विषय पर आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला का सफल समापन हो गया है।

कार्यशाला के प्रथम दिवस शुक्रवार को उद्घाटन सत्र में यूसर्क की निदेशक प्रो. डॉ. अनीता रावत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रही।कार्यक्रम में सीआईएमएस एंड यूआईएचएमटी ग्रुप ऑफ कॉलेज के चेयरमैन एडवोकेट ललित मोहन जोशी ने सभी अतिथियों का स्वागत किया और अपने संस्थान में यूसर्क के सहयोग से समय-समय पर कार्यक्रम आयोजित करने हेतु यूसर्क का धन्यवाद किया। कार्यक्रम की सहआयोजन सचिव डॉ. दीपिका विश्वास ने दो दिवसीय कार्यशाला की रूपरेखा पर विस्तृत प्रकाश डाला।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि उत्तराखंड विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान केन्द्र (यूसर्क) की निदेशक प्रो. अनीता रावत ने पीसीआर और बायोइन्फॉर्मेटिक्स विषयों पर विस्तृत जानकारी दी। और छात्र-छात्राओं को यूसर्क द्वारा विज्ञान एवं तकनीकी के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों के बारे में जानकारी दी।कार्यशाला के प्रथम दिवस एफआरआई देहरादून की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. आंचल राणा ने डीएनआइसोलेशन, माइक्रोऑर्गेनिज्म, जेल एलेक्ट्रोफोरेसिस तकनीकों पर विस्तृत व्याख्यान दिया। वहीं देवभूमि उत्तराखण्ड़ यूनिवर्सिटी देहरादून के डीन रिसर्च प्रो. डॉ. नबील अहमद ने बॉयोइंफार्मेटिक्स विषय पर प्रस्तुतीकरण दिया और छात्र-छात्राओं को फेस्टा जैसे विभिन्न सॉफ्टवेयरों के बारे में अवगत कराया।कार्यशाला के दूसरे दिन देवभूमि उत्तराखण्ड यूनिवर्सिटी की असिस्टेंट प्रो. डॉ. निर्जरा सिंघवी और डॉ. नबील अहमद ने बॉयोइंफार्मेटिक्स विषय पर छात्र-छात्राओं को हैंड्स ऑन प्रशिक्षण दिया। वहीं जूनियर वैज्ञानिक रितिक डोगरा ने छात्र-छात्राओं को डीएनए एक्सट्रेक्शन और पीसीआर में हैंड्स ऑन प्रशिक्षण दिया।कार्यक्रम में सीआईएमएस एंड यूआईएचएमटी ग्रुप ऑफ कॉलेज के मैनेजिंग डायरेक्टर संजय जोशी, उत्तराखण्ड़ डिफेंस एकेडमी देहरादून के डॉयरेक्टर (रिटा.) मेजर ललित सामंत, सीआईएमएस कॉलेज ऑफ नर्सिंग की प्रधानाचार्या डॉ. चेतना, सीआईएमएस कॉलेज ऑफ पैरामेडिकल से डॉ. रंजीत कुमार, डॉ. प्रेरणा बड़ोनी, पंकज सजवाण, चन्द्रिका भट्ट, शिवानी लोधी, साधना व जेईसीआरसी जयपुर, गुरूकुल कांगडी हरिद्वार, केआईआईटी भुवनेश्वर, एसबीएसपीजीआई, एसजीआरआर यूनिवर्सिटी, उत्तरांचल यूनिवर्सिटी, देवभूमि यूनिवर्सिटी उत्तराखंड एवं सीआईएमएसएंडआर देहरादून संस्थानों के 30 छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
